www.positiveindia.net.in
Horizontal Banner 1

भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के 14,146 नए मामले

144 मरीजों की मौत

laxmi narayan hospital 2025 ad

पॉजिटिव इंडिया:दिल्ली;
भारत में कोविड-19 के एक दिन में 14,146 नए मामले सामने आए जो 229 दिनों में संक्रमण के सबसे कम मामले हैं जबकि उपचाराधीन मरीजों की संख्या कम होकर 1,95,846 हो गयी जो 220 दिनों में सबसे कम है।
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के रविवार सुबह आठ बजे जारी अद्यतन आंकडों के मुताबिक, 144 और मरीजों के जान गंवाने से मृतकों की संख्या बढ़कर 4,52,124 हो गयी है। देश में महामारी के कुल मामलों की संख्या 3,40,67,719 हो गयी है। एक दिन में उपचाराधीन मरीजों की संख्या में 5,786 की कमी दर्ज की गयी जो संक्रमण के कुल मामलों का 0.57 प्रतिशत है। कोविड से ठीक होने की राष्ट्रीय दर 98.10 प्रतिशत है।
मंत्रालय ने बताया कि शनिवार को कोविड-19 के लिए 11,00,123 नमूनों की जांच की गयी जिससे अब तक देश में इस महामारी का पता लगाने के लिए जांचे गए नमूनों की संख्या 59,09,35,381 हो गयी है। इस बीमारी से स्वस्थ होने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 3,34,19,749 हो गयी है, जबकि मृत्यु दर 1.33 प्रतिशत है। देशव्यापी कोविड-19 रोधी टीकाकरण अभियान के तहत लोगों को 97.65 करोड़ खुराकें दी जा चुकी हैं।
देश में पिछले साल सात अगस्त को संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त को 30 लाख और पांच सितंबर को 40 लाख से अधिक हो गई थी। वहीं, संक्रमण के कुल मामले 16 सितंबर को 50 लाख, 28 सितंबर को 60 लाख, 11 अक्टूबर को 70 लाख, 29 अक्टूबर को 80 लाख और 20 नवंबर को 90 लाख के पार चले गए थे। देश में 19 दिसंबर को ये मामले एक करोड़ के पार, इस साल चार मई को आंकड़े दो करोड़ के पार और 23 जून को तीन करोड़ के पार चले गए थे।
आंकड़ों के मुताबिक, देश में जिन 144 और लोगों ने जान गंवाई है उनमें से 57 की मौत केरल में, 26 की महाराष्ट्र और 15 लोगों की मौत तमिलनाडु में हुई। इस महामारी से अभी तक हुई मौतों में से 1,39,760 लोगों की मौत महाराष्ट्र में, 37,937 की कर्नाटक, 35,884 की तमिलनाडु, 26,791 की केरल, 25,089 की दिल्ली, 22,898 की उत्तर प्रदेश और 18,963 लोगों की मौत पश्चिम बंगाल में हुई।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अभी तक जिन लोगों की संक्रमण से मौत हुई है, उनमें से 70 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं। मंत्रालय ने अपनी वेबसाइट पर बताया कि उसके आंकड़ों का भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के आंकड़ों के साथ मिलान किया जा रहा है। साभार पीटीआई

Leave A Reply

Your email address will not be published.